I cannot ask you anything…

i dont want to ask anything u can tell me anything, everything or nothing i cannot say what i want i imagine a story  you are there and me too we talk and talk till the time i exhaust my curiousity i repeat the conversations in my head then i move on to other situations … Continue reading I cannot ask you anything…

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खामोश निगाहें…

जब-जब मेरी चाहत ने उससे जवाब माँगा उसने ख़ामोशी का दामन थाम लिया न ही मेरी ख़ुशी का हिस्सा बन सकती है और न ही मेरे ग़म का कारण बनना चाहती है पर उसकी ख़ुशी किस बात में हैं, वो बताती नहीं हम भी उसकी ख़ुशी की तलाश में एक हिस्सा बन अपना एक छोटा … Continue reading खामोश निगाहें…

जब मैं लिखता हूँ

जब मैं लिखता हूँ तो लफ्ज़ आसमान से या किसी किताब से छांटकर नहीं लाता दिल में कहीं कोई अनकही आवाज़ गूंजती है लोगों को बोलना आया नहीं उनको समझाने की कोशिश करने का मन किया नहीं समझते सभी अपने नज़रिए के दायरे में ही हैं मन की आवाज़ ने खुद को लफ़्ज़ों में तराशा … Continue reading जब मैं लिखता हूँ

बाँध लो कविता में…

मुझे बांध लो कविता में और साथ ले जाओ मुझे नहीं रहना यहाँ उदास इस जहाँ में तुम साथ होगे तो सब सह लेंगे हँसकर लिख दो आज मुझे तोड़ तो मुझे एक नज़्म में उतार दो कागज़ में स्याही कर दो मुझे कोई दाग न छोड़ना लफ्ज़ भी रोते हैं जानते हो तुम जब … Continue reading बाँध लो कविता में…

इंतजार

इस बंद चारागाह में इंतजार करना ही अब मेरी किस्मत है, मैं कैद नहीं हूँ, पर ख्यालों के पंख अब कट चुके हैं न कोई रौशनी, न कोई आहट, बस दूर क़दमों की चहलपहल आँखें बंद करता हूँ, तो खुद को आसमान में उड़ता हुआ महसूस करता हूँ सिर्फ बादलों का सफ़ेद धुआं, इतना सफ़ेद … Continue reading इंतजार

हर वक़्त तलाश में…

क्यों बर्दाश्त नहीं करता मैं, क्यों बेतुकी बातों के आगे दीवार बन बैठता हूँ, मैं अपनी आदत से मजबूर हूँ, खुद को बेकदर बेवजह परेशां कर बैठता हूँ, वही आदत कि कुछ तो कहना ही है, अपने को अपने लिए अपने तक बहुत सीमित रखा है मैंने, पर बात जब अपने से ज्यादा बाकी लोगों … Continue reading हर वक़्त तलाश में…

कल से आज को देख रहा हूँ…

ऐसे हालात जब रोज़मर्रा की चीज़ें हादसा लगने लगी तब कुछ पल ठहरा, देखा आज कहाँ हूँ ये जानना बहुत ज़रूरी था कि ऐसा क्यों है शायद एक लम्बे अरसे से ज़िन्दगी बस जी रहा हूँ एक अरसे पहले ही एक हादसे ने ज़िन्दगी बदल दी थी आज हर लम्हा एक हादसा है यकीन करना … Continue reading कल से आज को देख रहा हूँ…